उप-चुनाव की ख़ासियत ये है कि कांग्रेस ने सिर्फ 1 सीट संगम विहार-ए सीट जीत ली लेकिन मौजूदा राजनीतिक परिस्थितियों में ये किसी संजीवनी से कम नही है। हालांकि ज्यादातर वार्डों में बहुत कम वोट मिले। दिल्ली चुनाव आयोग से मिले आंकड़ों पर गौर करें तो कांग्रेस ने चांदनी महल व नारायणा में जमानत बचाई। जबकि 12 में से 10 उम्मीदवारों की जमानत चली गई।
नियम के मुताबिक 1/6 वोट से कम पर जमानत जब्त होती है। बाकी 10 वार्डों में कांग्रेस उम्मीदवार 16.7% वोट से नीचे रहे, इसलिए उनकी जमानत जब्त हो गई।
FORM 18 रिपोर्ट से साफ दिखता है कि कांग्रेस के ज़्यादातर उम्मीदवारों को बहुत कम वोट मिले।
| वार्ड का नाम | कुल वैध वोट | कांग्रेस को मिले वोट | प्रतिशत (%) | जमानत स्थिति |
|---|---|---|---|---|
| मुण्डका | 24,355 | 1,341 | 5.5% | जब्त |
| शालीमार बाग-बी | 24,978 | 839 | 3.3% | जब्त |
| अशोक विहार | 19,236 | 1,521 | 7.9% | जब्त |
| चांदनी चौक | 15,766 | 1,082 | 6.8% | जब्त |
| चांदनी महल | 25,978 | 5,893 | 22.7% | बची |
| द्वारका-बी | 19,895 | 1,894 | 9.5% | जब्त |
| दिचाऊं कला | 27,010 | 730 | 2.7% | जब्त |
| नारायणा | 25,542 | 4,363 | 17.1% | बची |
| संगम विहार-ए | 26,307 | 12,766 | 48.5% | जीती |
| दक्षिण पुरी | 24,831 | 2,144 | 8.6% | जब्त |
| ग्रेटर कैलाश | 13,363 | 1,137 | 8.5% | जब्त |
| विनोद नगर | 22,731 | 2,565 | 11.3% | जब्त |
—ख़बर यहीं तक

